Harshit India news

breaking news | Bhopal local news | Madhya Pradesh news | Indore news

बेमौसम बरसात से समस्या: सुबह काले बादलों ने घेरा और जमकर बरसे, अगले 7 दिनों तक ऐसे ही हालात रहेंगे, सीएम ने सभी कलेक्टर्स से प्रभावितों को मुआवजा देने की बात कही।

विज्ञापन से परेशान है? बिना विज्ञापन खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

रायपुर2 घंटे पहले

मौसम विभाग के मुताबिक छत्तीसगढ़ के इस मौमस की वजह विदर्भ में आया चक्रवात है। तस्वीर रायपुर के बोरिया इलाके की।

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर सहित भिलाई, गौरेला पेंड्रा में लापरवाही, कवर्धा, रायगढ़ जैसे शहरों में मंगलवार की सुबह अचानक तेज बारिश शुरू हो गई। रायपुर में सुबह 4 बजे से तेज बरसात हुई थी। कुछ देर थामी बारिश सुबह 7 बजे फिर से शुरू हो गई। शहर के टीकरापारा, सेज बहार, अवंति विहार, देवेंद्र नगर सहित दर्जन भर भागों में सुबह से बिजली भी गुल हो गई है। दोपहर के वक्त सुधार के बाद कई हिस्सों में बिजली की सप्लाई शुरू हो पाई। रायपुर की जल विहार कॉलोनी में सड़कें बारिश के पानी से लबालब हो गईं। सुबह 11 बजे तक हल्की धूप भी खिल गई।

चित्रा रायपुर के संतोषी नगर इलाके की।

मौसम विभाग के मुताबिक 7 दिन तक ऐसे ही हालात रहेंगे
मौसम विभाग के मुताबिक रायपुर में 57 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई है। राजनांदगांव में भी जमकर पानी बरसा है। बस्तर के नारायणपुर में सर्वाधिक 110 मिमी वर्षा रिकार्ड की गई। अन्य कई स्थानों पर मध्यम से कुछ भारी और अधिकांश स्थानों पर हल्की बारिश और सोवियतें पड़ी हैं। भीषण गर्मी के इस मौसम में हो रही बारिश से मानसून के पूर्व आगमन जैसा महसूस हो रहा है। राज्य के अधिकांश हिस्सों में बीते दो-तीन दिन से बारिश हो रही है।

मौसम विज्ञानियों का कहना है कि भले ही अभी भी हवा का रुख दक्षिण-पश्चिमी है। बारिश भी हो रही है, लेकिन मानसून की घोषणा के लिए कुछ मापदंड पूरे होने चाहिए। अभी ऐसी परिस्थिति नहीं बनी है लेकिन वर्तमान में अगले सप्ताहभर तक प्रदेश में तेज गर्मी पड़ने के कोई आसार नहीं हैं। मौसम इसी तरह का रह सकता है। दक्षिण पूर्व विदर्भ के ऊपर 0.9 किमी ऊंचाई तक एक चक्रवात है। विदर्भ से केरल तक मराठवाड़ा और कर्नाटक में होते हैं 0.9 किमी तक एक एक द्रोणिका है। बिहार के ऊपर 0.9 किमी ऊंचाई तक एक अन्य चक्रवात है। इस कारण से मौसम में ये बदलाव है।

रायपुर के जल विहार कॉलोनी के हालात।

रायपुर के जल विहार कॉलोनी के हालात।

सीएम ने सभी कलेक्टर्स को राहत देने के लिए कहा
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश में हुई बेमौसम बारिश से फसल सहित अन्य हानि का आंकलन करने और प्रभावितों को हर जरूरी सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी जिलों के कलेक्टरों से कहा है कि बारिश और आंधी-तूफान की वजह से फसल सहित अन्य जन-धन के नुकसान के डेवलपर के लिए तत्काल टीम का गठन कर आंकलन करें और पीड़ितों को तत्काल राजस्व विभाग के नियमों के तहत आर्थिक सहायता राशि दें।

करोड़ों का धान सड़ गया, कार्रवाई सरकार करेगी
पूर्व कृषि मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने बारिश से करोड़ों के धान के नुकसान का दावा किया है। उन्होंने कहा कि सही व्यवस्थाजाम न होने की वजह से प्रदेश में पिछले साल भी कई टन धान सड़ गए थे, इस साल भी बारिश में धान भीगा है। इसके जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए और प्रभावित किसानों को मुआवजा मिलना चाहिए।

जीपीएम जिले की तस्वीर

जीपीएम जिले की तस्वीर

300 गांवों में ठप बिजली व्यवस्था
गौरेला पेंड्रा मरनेवालों जिले मेँ बारिश और बर्नी की वजह से लोगों को परेशानियाँ हो रही हैं। इस जिले के कई हिस्सों में बीती रात आठ घंटे से लगातार हो रही बारिष के कारण बिजली गुल है। तेज हवाओं और बारिश के चलते लगभग एक दर्जन से अधिक स्थानों पर जहां पेड़ गिर गए तो वहीं कुछ कच्चे मकानों को भी नुकसान हुआ है। जिले के शहरी क्षेत्रों में कई स्थानों पर जलजमाव के चलते लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सोमवार की आज रात भर बारिश होने के कारण लगभग 300 गांवों की बिजली रात भर गुल रही।

खबरें और भी हैं …

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

%d bloggers like this: